क्या है मौखिक साक्ष्य और मौखिक साक्ष्य प्रत्यक्ष होना क्यों आवश्यक है what is oral evidence and why oral evidence must be direct

www.lawyerguruji.com

नमस्कार दोस्तों,
आज के इस लेख में आप सभी को भारतीय साक्ष्य अधिनियम धारा 3 मौखिक साक्ष्य " के बारे में बताने जा रहा हु कि:-
  1. क्या है मौखिक साक्ष्य ?
  2. मौखिक साक्ष्य प्रत्यक्ष होने चाहिए। 
  3. मौखिक साक्ष्य का प्रत्यक्ष होना क्यों आवश्यक है ?
मुकदमा चाहे फौजदारी का हो या सिविल का दोनों ही मामलो साक्ष्य की आवश्यकता होती है, क्योकि साक्ष्य ही किसी बात, वस्तु या कथन को उसके असली या नकली होने को साबित करता है। 


 तो, अब हम साक्ष्य के बारे में विस्तार से जानेंगे। 

मौखिक साक्ष्य क्या है ?
सामान्य भाषा में मौखिक साक्ष्य वे साक्ष्य होते है, जो कि गवाहों द्वारा न्यायालय में हाजिर होकर न्यायाधीश के सामने पेश होकर अपने मुख से उस घटना या विवाद के सम्बन्ध में सम्पूर्ण जानकारी बोल कर कर बताना इसे मौखिक साक्ष्य कहाँ जाता है।

मौखिक साक्ष्य का प्रत्यक्ष होना आवश्यक है। 
भारतीय साक्ष्य अधिनियम धारा 60 के अंतर्गत मौखिक साक्ष्य का हर एक दशा में प्रत्यक्ष होना अति आवश्यक होना चाहिए। 

1.यदि किसी मुक़दमे में साक्ष्य इस तथ्य का न्यायालय में पेश किया जा रहा है जिसको देखा जा सकता है, तो इस दशा में जिस गवाह को गवाही के लिए न्यायालय में पेश किया जा रहा है, उस गवाह को यह कहना चाहिए की उसने स्वयं अपनी आँखों से अमुक घटना, विवाद या दस्तावेज को देखा देखा। 

उदाहरण से समझे :-
  1. गोली कांड जैसे मामलों में, क्या ने को गोली से  मार डाला है।  ऐसे मामले में साक्ष्य उस व्यक्ति का होना चाहिए जो यह कह सके कि उसने को की ओर गोली मारते हुए स्वयं अपनी आँखों से देखा है।
  2. वसीयत के मामले में प्रश्न यह उठता है कि क्या ने वसीयत पर हस्ताक्षर किये है, तो ऐसे मामले में साक्ष्य उस व्यक्ति का होना चाहिए जिसने को वसीयत पर हस्ताक्षर करते हुए स्वयं अपनी आँखों से देखा है. 
2. यदि किसी मुक़दमे में साक्ष्य इस तथ्य का न्यायालय में पेश किया जा रहा है, जिसे सुना जा सकता है, तो साक्ष्य उस व्यक्ति का होना चाहिए, जो यह कह सके कि उसने अमुक घटना या विवाद को स्वयं अपने कानो से सुना है। 
3. यदि किसी मुक़दमे में साक्ष्य इस तथ्य का न्यायालय में पेश किया जा रहा है, जिसको अनुभव या अन्य किसी प्रकार से जाना जा सकता है ,तो साक्ष्य ऐसे व्यक्ति का होना चाहिए जिसने अमुक घटना का स्वयं अनुभव किया है या अन्य किसी प्रकार से जाना है। 

4. यदि किसी मुक़दमे में साक्ष्य इस तथ्य का न्यायालय में पेश किया जा रहा है, जिसमे साक्ष्य किसी राय पर देना है या उन आधारों पर जिस पर वह राय बनी है, तो साक्ष्य उस व्यक्ति का होना चाहिए, जो यह कह सके कि उसने स्वयं वह राय बनाई है और वह आधार बनाये है। 

मौखिक साक्ष्य का प्रत्यक्ष होना क्यों आवश्यक है ?
मौखिक साक्ष्य का प्रत्यक्ष होना क्यों अति आवश्यक है, इस बात को हम निम्न तथ्यों से समझ सकते है, जैसे कि :-
  1. भारतीय साक्ष्य अधिनियम के अंतर्गत साक्ष्य का एक मूल सिद्धांत यह है कि न्यायालय के समक्ष जो तथ्य पेश किया जाये उस तथ्य पर सर्वोत्तम साक्ष्य आना चाहिए। किसी भी तथ्य का सर्वोत्तम साक्ष्य/साक्षी वह होता है, जिसे उस तथ्य के बारे में स्वयं से ज्ञान मिला है और वह उस तथ्य की सम्पूर्ण जानकार है। 
  2. यदि मुक़दमे में किसी तथ्य का प्रत्यक्ष साक्ष्य होता है, तो उसकी विश्वसनीयता को प्रति-परीक्षा पर परखा जा सकता है। 
  3. मुक़दमे में प्रत्यक्ष साक्ष्य देने वाला व्यक्ति अपनी जिम्मेदारी को भली भांति जनता है कि उसकी सच्ची और झूठी गवाही से मुक़दमे में क्या प्रभाव पड़ेगा। यदि वह झूठी गवाही देगा या देता है, तो उसपर झूठी गवाही देने की कार्यवाही की जा सकती है। 
  4. किसी भी मुक़दमे में जितना महत्व प्रत्यक्ष साक्ष्य का होता है उतना महत्त्व सुनी  सुनाई साक्ष्य का नहीं होता है, ऐसा इसलिए क्योकि जिसने उन बातो को स्वयं अपने कानो से सुना है वह न्यायालय परिसर से बाहर है, और न्यायालय से बाहर व्यक्ति को शपथ नहीं दिलाई जा सकती है। 
  5. सुनी सुनाई बातों को न्यायालय में कहने से साक्षी बहुत सी आवश्यक बातों को बताना भूल जाता है, और अपनी कल्पना से आधार पर अन्य अनावश्यक बातों को भी जोड़ सकता है। 
क्या है मौखिक साक्ष्य और मौखिक साक्ष्य प्रत्यक्ष होना क्यों आवश्यक है what is oral evidence and why oral evidence must be direct क्या है मौखिक साक्ष्य और मौखिक साक्ष्य प्रत्यक्ष होना क्यों आवश्यक है  what is oral evidence and why oral evidence must be direct  Reviewed by Advocate Pushpesh Bajpayee on November 01, 2019 Rating: 5

No comments:

lawyer guruji ब्लॉग में आने के लिए और यहाँ पर दिए गए लेख को पढ़ने के लिए आपको बहुत बहुत धन्यवाद, यदि आपके मन किसी भी प्रकार उचित सवाल है जिसका आप जवाब जानना चाह रहे है, तो यह आप कमेंट बॉक्स में लिख कर पूछ सकते है।

नोट:- लिंक, यूआरएल और आदि साझा करने के लिए ही टिप्पणी न करें।

Powered by Blogger.