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ट्रेड यूनियन एक्ट 1926 के तहत ट्रेड यूनियन का रजिस्ट्रेशन कैसे कराये इसकी प्रक्रिया क्या है। What is trade union and how to register a trade union under the trade union act 1926

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नमस्कार दोस्तों, 
आज का यह लेख आप सभी लोगो के लिए महत्वपूर्ण है खासकर श्रमिकों भाइयों के लिए जो कही किसी कारखाने या फैक्ट्री में काम कर रहे है। आज के इस लेख में बताने जा रहा हु कि:- 
  1. ट्रेड यूनियन किसे कहते है?
  2.  ट्रेड यूनियन गठित करने का मुख्य उद्देश्य क्या है ?
  3. ट्रेड यूनियन अधिनियम-1926, के तहत ट्रेड यूनियन पंजीकरण प्रक्रिया क्या है? 
  4. ट्रेड यूनियन पंजीकरण प्रमाण पत्र किस कारणों से रद्द किया जा सकता है ?
  5. रजिस्ट्रार के आदेश के खिलाफ अपील कब और कहाँ की जा सकती है। 
ट्रेड यूनियन एक्ट 1926, के तहत ट्रेड यूनियन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया क्या है। What is trade union and how to register a trade union under the trade union act,1926.




ट्रेड यूनियन क्या है ?
ट्रेड यूनियन एक ऐसा संगठन है जो कि व्यापर या कंपनी में कार्य कर रहे श्रमिकों के द्वारा अपने संरक्षण, हितो, और अधिकारों का प्रतिनिधत्व करने के लिए गठित किया जाता है। ट्रेड यूनियन एक ऐसा संगठन है जो कि किसी व्यापर या कंपनी में कार्य कर रहे श्रमिकों और नियोक्ता / मालिक के मध्य उसके आपसी सम्बन्ध को सुधारने और संतुलित बनाये रखने का काम करती है। इस संगठन के माध्यम से श्रमिक नियोक्ता से अपनी विधिक मांगो की पूर्ति के लिए विधिक तरीके से अनुरोध कर सकते है। ट्रेड यूनियन का गठन न केवल श्रमिकों के द्वारा मांगे जाने वाली पूर्ति के लिए किया जाता है बल्कि उनमे अनुशासन और उत्तरदायित्व  की भावनाओं को भी विकसित किया जा सके। 

ट्रेड यूनियन गठित करने का मुख्य उद्देश्य क्या है ?
  1. श्रमिकों के लिए उचित और न्यूनतम मजदूरी प्रदान करवाना।
  2. रोजगार से सम्बंधित शर्तो का निर्धारण करने के लिए। 
  3. श्रमिकों को समय समय पर उचित बोनस प्रदान करवाना। 
  4. श्रमिकों के लिए समय समय पर उचित अवकाश की व्यवस्था करना। 
  5. नियोक्ता द्वारा लिया गया हर एक निर्णय श्रमिकों के हित में हो। 
  6. श्रमिकों का शोषण न हो उसके लिए उनको संरक्षण प्रदान करना। 
  7. श्रमिकों के काम और उसक जीवन स्तर पर सुधार लाने सम्बंधित कार्य। 
  8. श्रमिकों की पदोन्नति एवं संरक्षण के लिए समय समय पर कार्य करना। 
  9. श्रमिकों की सेवाकाल को सुरक्षित करने के लिए कार्य करते रहना। 
  10. श्रमिकों की कार्यपरिस्थिति में सुधार लाने के हर एक प्रयत्न करना। 
  11. श्रमिकों को शैक्षिक, सांस्कृतिक, और मनोरंजन जैसे अन्य सुविधाएं प्रदान करवाना। 
  12. श्रमिकों को उत्पादन, उत्पादकता, अनुशासन और जीवन में सुधार लाने के लिए सहायता प्रदान करना। 
  13. श्रमिकों और नियोक्ता के मध्य उनके आपसी सम्बन्ध को सुधारने और संतुलित बनाये रखने के लिए कार्य करना।  
ट्रेड यूनियन पंजीकरण की प्रक्रिया। 

ट्रेड यूनियन एक्ट की धारा 4 के अनुसार ट्रेड यूनियन के पंजीकरण  प्रावधान किया गया है जिसके तहत कोई सात या अधिक सदस्य मिलकर ट्रेड यूनियन का पंजीकरण करा सकते है। उसके लिए ट्रेड यूनियन अधिनियम में उल्लिखित अन्य शर्तों को पूरा करना अनिवार्य है। ट्रेड यूनियन पंजीकरण के लिए अधिनियम की धारा 5 के अंतर्गत एक प्रार्थना पत्र दें होगा जिसमे ट्रेड यूनियन से सम्बंधित और सदस्यों का पूर्ण व् स्पष्ट विवरण देना होता है।


अधिनियम की धारा 4 के परन्तुक के अनुसार कोई कर्मकार/ श्रमिक ट्रेड यूनियन का पंजीकरण तभी किया जायेगा जब वह ऐसे स्थापना या उद्योग में जिसमे वह लगा है , लगे हुए या नियोजित कर्मकारों के कम से कम 10 प्रतिशत या 100 कर्मकार, इसमें जो भी कम हो, पंजीकरण के लिए आवेदन करने की तिथि को ऐसे व्यवसाय संघ के सदस्य न हो।  

ट्रेड यूनियन के पंजीकरण के लिए आवेदन करने की तिथि से संघ के पास कम से कम 7 सदस्य होना अनिवार्य है जो कि ऐसे स्थापना या उद्योग में जुड़े है, लगे हुए या नियोजित कर्मकार है। 

अधिनियम की धारा 4 की उपधारा 2 के अधीन किसी भी व्यवसाय संघ के पंजीकरण के लिए किया गया आवेदन केवल इस कारण से अविधिमान्य नहीं माना जायेगा कि आवेदन किये जाने की तिथि के बाद किसी समय पंजीकरण से पहले कुछ आवदेकों ने जिनकी संख्या आवेदन करने वाले व्यक्तियों की कुल संख्या के आधे से अधिक न हो, व्यवसाय संघ के सदस्य नहीं रह गए है, या सदस्यों ने आवेदन से अपने आप को अलग करने के लिए रजिस्ट्रार के समक्ष लिखित सूचना दे दी है। 


  ट्रेड यूनियन पंजीकरण के लिए आवश्यक निम्नलिखित बिंदुओं को पूरा करना अनिवार्य है। 
ट्रेड यूनियन अधिनयम की धारा के 6 के अधीन प्रत्येक ट्रेड यूनियन पंजीकरण के लिए तभी हक़दार होंगे जब संघ की कार्यपालिका इस अधिनियम इन उपबंधों के अनुसार गठित कर ली गयी हो और नियम का उपबंध करती हो जैसे कि :-
  1. श्रमिक संघ का नाम ( नाम ऐसा हो जो पहले से इस्तेमाल में न हो )
  2. वे सभी उचित उद्देश्य जिनके लिए श्रमित संघ का गठन किया जाना है। 
  3. वे सभी उचित उद्देश्य जिनके लिए श्रमित संघ के धन का इस्तेमाल किया जाना है। 
  4. ट्रेड यूनियन की कार्यकारिणी के सदस्य और अन्य पदाघिकारी का कार्यकाल की अवधि 3 वर्ष से अधिक नहीं होगा। 
  5. शार्मिक संघ सदस्यों द्वारा चंदे का भुगतान किया जाना जो की ग्रामीण कर्मकारों के लिए 1 रुपया प्रति वर्ष, अन्य असंगठित सेक्टरों में कर्मकारों के लिए 3 रुपया प्रति वर्ष और किसी अन्य स्थिति में कर्मकारों के 12 रु प्रतिवर्ष देना होगा। 
  6. श्रमिक संघ के धन की सुरक्षा के उपाय व् उस धन की वार्षिक हिसाब किताब की जाँच करवाना। 
  7. श्रमिक संघ की लेखे-जोखे की पुस्तकों को संघ के पदाधिकारियों को व् संघ के सदस्यों को सुलभ कराना। 
  8. श्रमिक संघ के सदस्यो की सूची को तैयार रखने का कार्य और इसके निरीक्षण की सुविधा, जिससे कि श्रमिक संघ के पदाघिकारी उसका निरिक्षण कर सके। 
  9. ऐसे साधारण सदस्यों की इंट्री जो वास्तव में उस उद्योग में श्रमिक है, जिनसे कि श्रमिक संघ सम्बंधित है व् अधिनियम की धारा 22 के तहत  अवैतनिक  तथा अस्थायी सदस्यों की इंट्री। 
  10. ऐसी शर्ते जिनके अधीन श्रमिक संघ के सदस्य किसी ऐसे लाभ अधिकारी होंगे जिनका आश्वासन नियमो द्वारा किया गया है। 
  11. ऐसी शर्ते जिनके अधीन संघ के सदस्यों पर कोई जुर्माना या सम्पहरण लगाया जा सके। 
  12. संघ की नियम व् शर्तो में किस प्रकार से संशोधन, परिवर्तन या निरसन किया जायेगा इसकी प्रक्रिया क्या होगी। 
  13. श्रमिक संघ की कार्यकारिणी के सदस्य तथा अन्य पदाधिकारियों की नियुक्ति करने व् उनको बर्खास्त करने की प्रक्रिया क्या होगी। 
  14. श्रमिक संघ का किस विधि से विघटित यानी समापन किया जायेगा उसका स्पष्ट रूप से उल्लेख किया जाना अनिवार्य है। 
पंजीकरण के लिए प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करना। 
ट्रेड यूनियन अधिनियम की धारा 5 के तहत ट्रेड यूनियन के पंजीकरण के लिए एक आवेदन पत्र रजिस्ट्रार के समक्ष प्रस्तुत करना होगा। इस प्रार्थना पत्र में श्रमिक संघ के नियम व् शर्तों की एक कॉपी और निम्नलिखित विवरण प्रस्तुत किये जायेंगे जो कि इस प्रकार से होगा।
  1. प्रार्थना पत्र देने वाले व्यक्तियों के नाम, निवास स्थान और व्यवसाय का स्पष्ट व् पूर्ण विवरण देना होगा। 
  2. कर्मकार व्यवसाय संघ के पंजीकरण के लिए आवेदन करने वाले व्यवसाय संघ के  सदस्यों के नाम, पेशा और कार्य स्थान का स्पष्ट व् पूर्ण विवरण देना होगा। 
  3. श्रमिक संघ का नाम, पता, और उसके मुख्यालय का पता का स्पष्ट रूप से विवरण देना होगा । 
  4. श्रमिक संघ के पदाधिकारियों के नाम, उम्र, पते, पदनाम और व्यवसाय का विवरण स्पष्ट रूप से देना होगा। 
  5. सभी आवेदकों के नाम के साथ हस्ताक्षर भी होंगे। 
जहाँ एक ट्रेड यूनियन पंजीकरण के लिए आवेदन करने से पहले एक साल से अधिक समय से अस्तित्व में है, पंजीकरण के लिए प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करने पर अन्य सूचना के साथ रजिस्ट्रार को तैयार ट्रेड यूनियन की संपत्ति और देनदारियों का एक सामन्य विवरण एक निर्धारित प्रपत्र में देना होगा। 

रजिस्ट्रार कब पंजीकरण करने से इंकार कर सकता है ? 

ट्रेड यूनियन अधिनयम की धारा 7 के अधीन रजिस्ट्रार शक्ति प्राप्त है कि पंजीकरण के लिए अतिरिक्त विवरण मांग सकता है या परिवर्तन करने का आदेश दे सकता है। 
  1. रजिस्ट्रार को यह पूर्ण अधिकार है कि वह आवेदन पत्र प्रस्तुत करने वाले संघ से पंजीकरण सम्बंधित अतिरिक्त सूचना मांग सकता है, यदि मांगी गयी अतिरिक्त जानकारी नहीं दी जाती है  तब तक उस संघ को पंजीकृत करने से इंकार कर सकता है। 
  2. यदि किसी प्रतावित श्रमिक संघ का नाम किसी अन्य वर्तमान व्यवसाय संघ से मिलता जुलता हुआ है जिससे जनता का या उन व्यवसाय संघो में से कोई भी सदस्य धोखे में पड़ सकता है तो, रजिस्ट्रार उस प्रस्तावित नाम में परिवर्तन करने को कहेगा। 
  3. यदि श्रमित संघ प्रस्तावित नाम जो वर्तमान में किसी अन्य संघ का है, रजिस्ट्रार के कहने पर नाम का परिवर्तन नहीं करता है , तो ऐसे में रजिस्ट्रार को पूर्ण अधिकार है कि जब तक नाम में परिवर्तन न हो जाये तब तक वह संघ के पंजीकरण करने से इंकार कर सकता है । 
ट्रेड यूनियन का रजिस्ट्रीकरण। 
 ट्रेड यूनियन अधिनियम की धारा 8 के अंतर्गत, जब रजिस्ट्रार को इस बात की पूर्ण संतुष्टि हो जाती है कि आवेदन करने वाले श्रमिक संघ द्वारा ट्रेड यूनियन अधिनियम में बताई गयी पंजीकरण सम्बंधित सभी औपचारिकताएँ पूर्ण की जा चुकी है  तो रजिस्ट्रार द्वारा श्रमिक संघ का पंजीकरण कर श्रमिक संघ का नाम विशेष रजिस्टर में अंकित कर दिया जायेगा। 

श्रमिक संघ पंजीकरण प्रमाण पत्र जारी करना । 
ट्रेड यूनियन अधिनियम की धारा 9 के अंतर्गत धारा 8 के अधीन श्रमिक संघ की रजिस्ट्री हो जाने के बाद रजिस्ट्रार एक पंजीकरण प्रमाण पत्र जारी करेगा जो कि इस बात का निर्णायक साक्ष्य होगा कि श्रमिक संघ को ट्रेड यूनियन अधिनियम के तहत विधिवत पंजीकृत किया गया है। 

श्रमिक संघ का पंजीकरण कब और किन कारणों से वापस लिया या  रद्द किया जा सकेगा। 
ट्रेड यूनियन एक्ट धारा 10 के तहत रजिस्ट्रार किसी ट्रेड यूनियन / व्यवसाय संघ के पंजीकरण को निम्नलिखित परिस्थितियों में वापस ले सकता है या रद्द कर सकता है। 
लेकिन पंजीकरण रद्द या वापस लेने से पहले रजिस्ट्रार द्वारा कम से कम 2 महीने पहले संघ के सचिव या अन्य पदाधिकारियों को लिखित रूप में नोटिस देनी होगी। इस नोटिस में पंजीकरण के रद्द करने व् वापस लेने का पर्याप्त कारण लिखना होगा। जिसके आधार पर रजिस्ट्रार ट्रेड यूनियन पंजीकरण रद्द या वापस लेने का प्रस्ताव रखता है। 
  1. श्रमिक संघ का अस्तित्व समाप्त हो गया है । 
  2. श्रमिक संघ के द्वारा जानबूझकर और रजिस्ट्रार से सूचना मिलने के बाद भी ट्रेड यूनियन अधिनियम के प्रावधानों का उल्लंघन किया गया हो। 
  3. श्रमिक संघ द्वारा संघ की मान्यता या पंजीकरण रद्द करने हेतु आवेदन पत्र का प्रस्तुत किया गया हो। ऐसे आवेदन को ऐसी रीति ऐसे सत्यापित किया जायेगा जी की निर्धारित हो।  
  4. यदि रजिस्ट्रार संतुष्ट हो जाता है कि प्रमाणपत्र कपटपूर्वक, धोखे या गलती के तहत प्राप्त किया गया है। 
  5. श्रमिक संघ द्वारा रजिस्ट्रार के कहने पर संघ की नियमावली में परिवर्तन करने के आदेश को अस्वीकार किया गया हो।  
  6. पंजीकृत संघ में सस्दयों की निर्धारित संख्या में कमी आ गयी हो। 
  7. अधिनियम की धारा 6 के तहत पंजीकरण के लिए अनिवार्य उपबंधित नियमों में से किसी नियम को तोड़ा गया हो। 
रजिस्ट्रार के निर्णय के खिलाफ अपील कब की जा सकती है। 
ट्रेड यूनियन एक्ट की धारा 11 के तहत रजिस्ट्रार के आदेश के खिलाफ निम्न दो आधारों पर ही अपील की जा सकेगी। 
  1. यदि रजिस्ट्रार के द्वारा श्रमिक संघ के पंजीकरण के आवेदन पत्र को अस्वीकार कर दिया जाता है , या 
  2. श्रमिक संघ के पंजीकरण प्रमाण पत्र को वापस ले लिया जाता है या रद्द कर दिया जाता है। 
तब ऐसे में संघ के पदाधिकारियों द्वारा रजिस्ट्रार के ऐसे आदेश के पारित होने के खिलाफ पारित होने के 60 दिनों के भीतर अपील दाखिल की जा सकती है। 

धारा 11 के तहत अपील निम्न न्यायालयों में दाखिल की जाएगी। 
  1.  जहाँ श्रमिक संघ का मुख्य कार्यालय एक प्रेसीडेंसी टाउन की सीमा के भीतर स्थित है तो, वहां के उच्च न्यायालय में अपील दाखिल की जाएगी। 
  2. जहाँ श्रमिक संघ का मुख्य कार्यालय एक क्षेत्र में स्थित है, तो वहां के श्रम न्यायालय या औद्योगिक न्यायाधिकरण के अधिकार क्षेत्र में, जैसा भी मामला हो उस न्यायालय या न्यायाधिकरण में अपील दाखिल की जाएगी। 
  3. जहाँ मुख्य कार्यालय किसी भी अन्य क्षेत्र में स्थित हो, ऐसे में प्रारंभिक क्षेत्राधिकार रखने वाले प्रधान सिविल न्यायालय के अपर न्यायाधीश या सहायक न्यायाधीश के न्यायालय और जिसे समुचित सरकार उस क्षेत्र में अपील सुने जाने के लिए स्थापित करे वहाँ में अपील दाखिल की जाएगी।

29 टिप्‍पणियां:

  1. वर्तमान में ट्रेड यूनियन का पंजीकरण कैसे करें ओर कितना खर्चा हो जायेगा कृपया उचित मार्गदर्शन करें
    अनवार बेताब

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  2. श्रीमान जी पहले से रजीस्टेशन हुआ हो ।ओर उस युनियन का नाम बदलना चाहते है तो कैसे बदला जायेगा कृप्या बताये

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  3. वर्तमान में ट्रेड यूनियन का पंजीकरण कैसे करें ओर कितना खर्चा हो जायेगा कृपया उचित मार्गदर्शन करें call me 7004225546

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  4. आप ट्रेड यूनियन का पंजीकरण किस राज्य मे करवाना चाहते है ?

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  5. ट्रेड यूनियन का पंजीकरण बिहार राज्य करवाना चाहता हूं l

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    1. आप बिहार श्रम आयुक्त संगठन के कार्यालय से मालूम करे, वहाँ आपको पूर्ण जानकारी हो सकेगी ।

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  6. एक नैशनल लेवल पर का करने के लिए ट्रेड युनियन का गठन करने के लिए मार्गदर्शन करे।
    अश्विनी अमरजीत सिह भील 9816274287

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  7. संघ का रजिस्ट्रेशन कराना है कहा से और कैसे होगा क्या प्रक्रिया है

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  8. sir मेरा चैरिटेबल ट्रस्ट हैं उससे हम लेबर यूनियन चला सकते हैं 8178916240 पर जानकारीया दे धन्यवाद

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  9. वर्तमान में ट्रेड यूनियन का पंजीकरण कैसे करें ओर कितना खर्चा हो जायेगा कृपया उचित मार्गदर्शन करें
    मानसिंह चाहर
    आगरा 96757223555

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    उत्तर
    1. कैसी यूनियन का पंजीकरण करवाना चाह रहे है ?

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  10. Sir mala Navin union establish karayachi aahe krupaya gaidance kara🙏🙏🙏🙏🙏

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  11. मेरी युनियन लाल झण्डा हीरो साइकिल मजदूर युनियन रजि नं 40 संबंधित सीआईटीयु पहले से रजि है क्या उस नंबर पर दूसरी युनियन अपना दावा ठोक सकतीहै. नीरज कुमार जनरल सेक्रेटरी लाल झण्डा हीरो साइकिल मजदूर युनियन रजि नंबर 40 लुधियाना पंजाब.

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  12. सर किसी सर्विस प्रोडक्ट उदाहरण के तौर पर इलेस्ट्रेशन
    यूनियन रजिस्ट्रेशन करना है, तो क्या कामगार आयुक्त या जिल्हा निबंधक कार्यालय मे करना होंगा कृपया योग्य मार्गदर्शन करें !9595228873

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  13. हम अखबार बांटने वाले हाकर है हमारे पुराने साथियों ने भारतीय समाचार पत्र उप-विक्रेता संघ अजमेर के नाम से रजिस्ट्रेशन करवाया था करीब सन् 1980 के लगभग ओर उसका रजिस्ट्रेशन नंबर ARTU/AJM/59/87 है यह कितने समय तक वेलिड रहता है

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    1. 41 साल हो गए है । निबंधन कार्यालय से मालूम करो ।

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  14. मैं रियल एस्टेट सेक्टर में काम करता हूं। अलग अलग कम्पनी से लोगों को जोड़कर क्या मैं यनियन बना स्कता हूं।

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    उत्तर
    1. आप अपनी संस्था बना सकते है ।

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    2. श्रीमानजी मै समझा नहीं संसथा बनाने का मतलब. मै युनियन बनाना चाहता हॅू ना की संस्‍था. क्रपया मार्गदशर्न करे.

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  15. रियल एस्‍टेट में नौकरी करता हूॅ जहॉ किसी भी दिन हमें नौकरी से निकाल दिया जाता है और ना तो पूरी पगार मिलती है और नाही इन्‍सेन्टिव मिलता है. इन सभी दिक्‍कतो को देखते हुए कुछ लाेगो के साथ मिलकर युनियन बनाना चाहता हूॅ जो की रियल एस्‍टेट में ही काम करते है मगर अलग अलग कम्‍पनी में.

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    उत्तर
    1. गोपाल जी आप जहां कार्य कर रहे है, वहाँ आप के नियोक्ता और आपके बीच कोई अग्रीमेंट हुआ है ? यदि हाँ तो आप कोई यूनियन नहीं बना सकते है । यूनियन अलग अलग कंपनी मे काम करने वालों के साथ नही बनती है ।

      जहां आप कार्य कर रहे वहाँ कार्य करने का लिखित साक्ष्य है, जो इस बात को प्रमाणित करे की आप वहाँ कार्य केआर रहे है ।

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